जन्म विवरण एवं वर्तमान स्थिति दर्ज करें
अपनी जन्म तिथि, समय, स्थान तथा वर्तमान आर्थिक स्थिति प्रविष्ट कर यथार्थवादी वित्तीय क्षमता जानें।
आपकी कुंडली के धन योगों एवं शास्त्रीय क्षमता का विश्लेषण।
| महादशा स्वामी | अवधि | प्रारंभ तिथि | समाप्ति तिथि | दशा फलित प्रभाव |
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| भाव | राशि | सूर्य | चन्द्र | मंगल | बुध | गुरु | शुक्र | शनि | सर्वाष्टक (SAV) | फल स्तर |
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अपनी कुंडली के सक्रिय धन योग, संकेतात्मक नेटवर्थ क्षमता व मार्गदर्शन को 1-क्लिक में अपने परिजनों या ज्योतिषी को भेजें।
1. शून्य मनगढ़ंत मान्यता: अनुपस्थित डेटा (जैसे SAV या षड्बल) पर कोई काल्पनिक संख्या नहीं मानी जाती। ऐसे नियम स्पष्टतः NOT_EVALUATED रहते हैं।
2. शुद्ध चाप-सेकंड परिशुद्धता: 30 अंश की राशि सीमा और अस्त-दूरी की गणना बिना फ्लोट एरर के पूर्णांक चाप-सेकंड में की जाती है।
3. स्व-युति सुरक्षा: जब एक ही ग्रह दो भावों का स्वामी हो, तो उसे काल्पनिक युति नहीं माना जाता।
4. इन्दु व आरूढ़ लग्न अपवाद: यदि आरूढ़ उसी भाव या 7वें में पड़े तो जैमिनी सूत्रानुसार 10वें भाव में प्रक्षेप नियम स्वतः लागू होता है।
5. Swiss Ephemeris (JPL DE431 आधारित) & सत्य अयनांश: समस्त ग्रह-स्पष्ट Swiss Ephemeris (Astrodienst), JPL DE431 आधारित (<0.001" परिशुद्धता), सत्य चित्रा पक्ष अयनांश (Mode 27 / स्पिका 180°), मध्य राहु-केतु, श्रीपति भाव-चलित, तथा सूर्योदय: सूर्य-बिम्ब का केन्द्र (अपवर्तन सहित) पर आकलित हैं। विंशोत्तरी दशा ३६५.२५ दिन प्रति वर्ष मानक पर आधारित है।